: शिवराज एवं जनसंपर्क अधिकारियों को धन्यवाद, एमपी वर्किंग जर्नलिस्ट यूनियन
Thu, Sep 7, 2023
जाकी रही भावना जैसी प्रभु मूरत देखी तिन तैसी , मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान एवं जनसंपर्क विभाग के अधिकारियों का आभार यदि आपका मन साफ है तो फिर ईश्वर भी आपकी फरमाइश पूरी करता है। कुछ घटनाएं लाख चाहने के बाद भी भूली नहीं जाती हैं आदमी के कर्म उसे बडा या छोटा बना देता है। मन में विचार है आपको किसी के लिए कुछ अच्छा करना है तो फिर व्यवस्था अपने आप बन जाती है। पत्रकारों के हित में प्रदेश के कई पत्रकार यूनियनों ने मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान, आयुक्त जनसंपर्क, संचालक जन सम्पर्क को पत्रकारों की आर्थिक स्थिति को देखते हुए विभिन्न मुद्दों पर पत्र लिखा या यह कह दें कि ज्ञापन दिए। यूनियन के पदाधिकारियों ने सोचा था कि उन्हें अपनी पहचान बनाएं रखने के लिए पत्रकारों के हित की बात सरकार के मुख्यमंत्री एवं विभाग के आला अधिकारियों के सामने पेश करनी चाहिए और यह काम निर्बाध गति से चल रहा था। कल मतलब 6 सितम्बर को पूरे प्रदेश में जनसंपर्क विभाग के अधिकारियों के माध्यम से संदेश दिया गया कि 7 सितम्बर को प्रातः 10 बजे पत्रकार समागम का आयोजन किया गया है और आप आमंत्रित हैं। समाचार पढ़ने के बाद मुझे मेरे मन ने कहा कि कुछ अच्छा होने बाला है कयाश लगाया कि जो मांगे रखी गई है उनमें से कुछ की घोषणा हो सकती है। मैं भी मुख्यमंत्री निवास पहुंच गया थोड़ी देर बाद मंच पर प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान आते हैं और संबोधित करते हुए घोषणाओं की झड़ी लगा देते हैं इच्छा से अधिक मिलने पर व्यक्ति हतप्रभ हो जाता है और यही हुआ उपस्थित पत्रकारों ने मैं समझता हूं कि किसी ने ताली नहीं बजाई उसमें से एक मैं भी हूं। अब हम मान लेते हैं कि चुनाव आ रहें हैं इसलिए ये सब कुछ हुआ।इन घोषणाओं से भारतीय जनता पार्टी को कितना फायदा होगा यह भविष्य की बात है। अब एक पुरानी घटना की तरफ सभी का ध्यान दिला रहा हूं कि तत्कालीन मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने लगभग 90 पत्रकारों के आबास खाली कराए थे जो आज भी याद है। मांगने वाले की मांग कभी पूरी नहीं होती है हर व्यक्ति को कुछ न कुछ चाहिए, मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने आज बहुत कुछ दिया है और आगे भी पत्रकारों का ध्यान रखेंगे एम पी वर्किंग जर्नलिस्ट यूनियन को पूरी उम्मीद है। यह सब कैसे हो गया विचार किया जाना और उस पर कार्रवाई करना हंशी नहीं है इस पूरी कवायद में जनसंपर्क विभाग के अधिकारियों ने भरपूर मेहनत की और उनका सोच भी पत्रकारों के प्रति सकारात्मक है। विभाग के अधिकारियों से आपका व्यवहार कैसा है इस पर निर्भर है।हम पत्रकार हैं तो हमें सरकार ने आमंत्रित नहीं किया कि आप पत्रकार बने सरकार आपको सब कुछ देगी। पत्रकारों को इस सोच से दूर रहना चाहिए। लिखने के लिए बहुत कुछ है। एम पी वर्किंग जर्नलिस्ट यूनियन मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान एवं जनसंपर्क विभाग के अधिकारियों को धन्यवाद देती है। राधावल्लभ शारदा प्रांतीय अध्यक्ष एम पी वर्किंग जर्नलिस्ट यूनियन
: पत्रकारों के हितों और अधिकारों के संरक्षण के लिए तत्पर शिवराज सरकार
Thu, Sep 7, 2023
*पत्रकारों के हितों और अधिकारों के संरक्षण के लिए तत्पर शिवराज सरकार🙏*
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*भोपाल में आयोजित पत्रकार समागम में मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने की बड़ी घोषणाएं*
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- बीमा कंपनी द्वारा इस साल प्रीमियम राशि में की गई 27% की वृद्धि की अतिरिक्त राशि भरेगी राज्य सरकार।- 65 वर्ष से अधिक आयु वाले पत्रकारों एवं उनकी पत्नी के बीमा का पूरा प्रीमियम राज्य सरकार भरेगी।- बीमा के लिए आवेदन करने की अंतिम तिथि 16 सितम्बर से बढ़ाकर *25 सितम्बर* हुई।- पत्रकारों और उनके आश्रितों के उपचार हेतु मिलने वाली आर्थिक राशि में हुई वृद्धि ।- सामान्य बीमारियों के उपचार के लिए आर्थिक सहायता राशि ₹20 हजार से बढ़ाकर की गई *₹ 40 हजार*- गंभीर बीमारियों के उपचार के लिए आर्थिक सहायता राशि *₹50 हजार से बढ़ाकर की ₹1 लाख*।- प्रदेश के वरिष्ठ एवं बुजुर्ग पत्रकारों को प्रतिमाह दी जाने वाली *सम्मान निधि ₹10 हजार से बढ़कर हुई ₹20 हजार* ।- सम्मान निधि प्राप्त करने वाले पत्रकार के निधन पर उनकी पत्नी को मिलेगी *एकमुश्त ₹8 लाख की सहायता राशि*- भोपाल के मालवीय नगर में बनेगा पत्रकार भवन, स्टेट मीडिया सेंटर के रूप में किया जायेगा विकसित, पत्रकारों के लिए होंगी आधुनिक सुविधाएं।- अधिमान्य पत्रकारों को आवास ऋण ब्याज अनुदान योजना में *अधिकतम ऋण राशि 25 लाख से बढ़ाकर 30 लाख की जायेगी*।- अधिमान्य पत्रकारों के बच्चों की शिक्षा के लिए *बैंक लोन पर 5 % ब्याज अनुदान 5 साल के लिए राज्य सरकार भरेगी*।- छोटे शहरों एवं कस्बों के पत्रकारों को आवश्यकतानुसार भोपाल में डिजिटल तकनीकी प्रशिक्षण माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय के सहयोग से दिलाया जाएगा। इसकी संपूर्ण व्यवस्था जनसंपर्क विभाग द्वारा की जायेगी।- जिला स्तरों पर पत्रकारों की सोसायटी के लिए कॉलेनी हेतु जमीन आवंटन की व्यवस्था करने की दिशा में कार्य किया जायेगा।- *पत्रकार सुरक्षा कानून बने इसके लिए हम तत्काल एक कमेटी का गठन करेंगे जिसमें सीनियर पत्रकार होंगे, यह कमेटी जो सुझाव देगी उसके आधार पर यह कानून बनाया जाएगा।✍️*
: जीवन का चित्र बनाएं
Thu, Sep 7, 2023
जिस प्रकार घर बनाने के लिए पहले उसका पेंसिल से कागज पर डिजाइन बनाना पड़ता है। डिजाइन बनाने के बाद उसकी प्रक्रिया होती है। आखिर में घर डिजाइन अनुसार तैयार होता है। यह बात हम अपने जीवन से जोड़ दें, तो अपना जीवन भी ऐसा ही है। जीवन में हमें जो बनना है उसका चित्र आज ही अपने मन में तैयार हो तो आगे जाकर हम वैसे ही बन सकते हैं।
डॉ प्रकाश बाबा आमटे जब स्कूल में पढ़ते थे तभी उन्होंने सोचा था कि आगे जाकर मैं एक डॉक्टर बनेगा और गरीबों की सेवा करूंगा। आगे जाकर वो डॉक्टर ही बने और उन्होंने अपना पूरा जीवन गरीब आदिवासी जनता की सेवा के लिए समर्पित किया। उनको जो बनना था उसका चित्र पहले ही अपने मन में बनाया था। आपको भी ऐसा चित्र अपने मन में बनाना है। तो आगे जाकर आप जरूर वैसा बनोगे।
एक पर्वता
रोही
था। वह हिमालय पर चढ़ रहा था। एक स्थान तक वह ऊपर गया, मगर किसी कारण से वह आगे नहीं जा सका। वह वहां से ही नीचे आ गया। तो भी उसके दोस्तों को बड़ा अच्छा लगा। उन्होंने इसका एक सम्मान समारोह रखा। वहां उसे बोलने के लिए कहां। वह बोलने के लिए उठा उसने देखा स्टेज पर हिमालय का फोटो लगाया गया था। उस फोटो को देखकर उसने कहा, हे हिमालय तुझे जितना बढ़ाना था वो तू बढ़ गया, अभी तू बढ़ नहीं सकता, मगर मेरे पास आज भी वो हिम्मत है, मेहनत करने की शक्ति है, आज या कल मैं तुझे जरूर पार करूंगा। उस पर्वतारोही के मन में हिमालय पार करने का चित्र स्पष्ट था। वैसे ही जीवन में हमें जो बनना है इसका स्पष्ट चित्र हमारे मन में होना जरूरी है। तब जाकर हम वैसा बन सकते हैं। जब वह चित्र तैयार हो जाए तो बस आपको योजना बनाकर उसपर कार्य करना है। क्योंकि कार्य करेंगे तो ही परिणाम आएगा।